जातक के क्रोधित होने के योग निम्न है -
(1) यदि जातक का जन्म दिन ( सूर्य लग्न से सप्तम भाव मध्य तक ) मे है ओर मंगल बली लग्न या दशम भाव मे हो तो
जातक को अधिक क्रोध आता है ।
(2) यदि जातक की कुंडली मे मंगल बली हो ओर सप्तम भाव मे स्थित हो तो भी जातक क्रोधित रहता है ।
(3) यदि चंद्र लग्नेश ( राशिश ) , हीन बली होकर त्रिकोण भाव मे हो तो भी जातक क्रोधित रहता है ।
(4) यदि जातक की कुंडली मे लग्नेश अष्टम या बारहवे भाव मे स्थित हो तो भी जातक को अधिक क्रोध आता है ।
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