Wednesday, February 19, 2020

सदगुरु कृपा ज्योतिष केंद्र

कलानिधि योग

परिभाषा: जब गुरु द्वितीय या पंचम भाव में स्थित हो और बुध तथा शुक्र दोनों से युक्त या दृष्ट हो या गुरु,बुध या शुक्र के नवांश,राशि आदि में स्थित हो तो कलानिधि योग बनता है ।

फल : कलानिधि योग में पैदा होने वाला मनुष्य राज्य ऐश्वर्य  से युक्त तथा कलाओ में निपुण होता है ।
Astroplus Durvesh kumar 

No comments:

Post a Comment