1 यदि रविवार को सूर्य संक्रांति होती है तो और जन्म कुंडली मे भी सूर्य मजबूत है तो ऐसा व्यक्ति
भ्रमण या पर्यटन मे इतना व्यस्त राहत है की उसे कही और अच्छा ही नहीं लगेगा |
2 यदि सोमवार को सूर्य संक्रांति होती है तो और जन्मकुंडली मे भी चंद्रमा मजबूत हो तो ऐसा व्यक्ति
भोजन और कपड़ों का उत्तम सुख की प्राप्ति करता है |
3 यदि मंगलवर को सूर्य संक्रांति हो तो और जन्मकुंडली मे मंगल कमजोर स्थिति मे हो तो
ऐसा व्यक्ति राज्य , चोर या अग्नि जैसे तथ्यों से डर की स्थिति मे या जाता है |
4 यदि बुधवार को सूर्य संक्रांति होती है तो और जन्मकुंडली मे बुध अच्छी स्थिति मे हो तो
ऐसा व्यक्ति पढ़ने मे या विधा प्राप्ति मे बहुत रुचि लेता है |
5 यदि गुरुवार को सूर्य संक्रांति होती है तो और जन्मकुंडली मे गुरु की स्थिति अच्छी है तो ऐसा व्यक्ति
धन , मान, और सुख मे वृद्धि को प्राप्त करता है |
6 यदि शुक्रवार को सूर्य संक्रांति होती है तो और जन्म कुंडली मे शुक्र भी मजबूत हो तो ऐसा व्यक्ति
लौकिक सुख सुविधा का पूरा आनंद लेता है |
7 यदि शनिवार को सूर्य संक्रांति होती है तो और जन्म कुंडली मे भी शनि अच्छी स्थिति मे है तो किसी भी काम मे देरी तो हो सकती है मगर होगा काम जरूर क्योंकि शनि का देरी करना स्वाभाविक गुण है |
और यदि शनि पीड़ित है तो रोग पीड़ा , असफलता और संताप भी दे सकता है |